मानसिक स्वास्थ्य शिविर आयोजित
पुनर्वास गृह, बाल सुधार गृह और वृद्ध आश्रम में मानसिक स्वास्थ्य शिविर आयोजित, 95 लोगों की हुई जांच
एनएमएचपी टीम ने मानसिक स्वास्थ्य परीक्षण, दवा वितरण एवं काउंसलिंग कर मानसिक रोगों के प्रति किया जागरूक
हनुमानगढ़। राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम (एनएमएचपी) इकाई, हनुमानगढ़ द्वारा मंगलवार को जिले के विभिन्न संस्थानों में टारगेट इंटरवेंशन के तहत एक दिवसीय मानसिक स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया गया। शिविर के दौरान मुख्यमंत्री पुनर्वास गृह, बाल सुधार गृह एवं अपना घर वृद्ध आश्रम में रह रहे लोगों का मानसिक स्वास्थ्य परीक्षण कर आवश्यक परामर्श एवं उपचार उपलब्ध कराया गया।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नवनीत शर्मा ने बताया कि जिला नोडल अधिकारी एवं वरिष्ठ मानसिक रोग एवं नशा मुक्ति विशेषज्ञ डॉ. ओपी सोलंकी ने हनुमानगढ़ में संचालित मुख्यमंत्री पुनर्वास गृह 62 व्यक्तियों का मानसिक स्वास्थ्य परीक्षण किया। इनमें से 9 मरीजों को आवश्यक दवाइयों का वितरण किया गया। वहीं, बाल सुधार गृह में 20 बालकों का मानसिक स्वास्थ्य परीक्षण कर आवश्यक दवा एवं परामर्श प्रदान किया गया। इसी क्रम में हनुमानगढ़ में संचालित अपना घर वृद्ध आश्रम में 13 वृद्धजनों का मानसिक स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। उन्हें आवश्यक दवाइयां उपलब्ध कराने के साथ-साथ मानसिक स्वास्थ्य संबंधी काउंसलिंग भी की गई, ताकि वे तनाव, अवसाद एवं अन्य मानसिक समस्याओं से प्रभावी ढंग से निपट सकें।
डॉ. ओपी सोलंकी ने बताया कि मानसिक रोग भी अन्य बीमारियों की तरह उपचार योग्य हैं। समय पर पहचान, उचित परामर्श एवं नियमित उपचार से अधिकांश मानसिक रोगों पर प्रभावी नियंत्रण संभव है। उन्होंने आमजन से अपील की कि यदि किसी व्यक्ति में मानसिक तनाव, अवसाद, व्यवहार में असामान्य परिवर्तन, नशे की लत अथवा अन्य मानसिक स्वास्थ्य संबंधी लक्षण दिखाई दें तो निकटतम सरकारी स्वास्थ्य संस्थान या मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ से अवश्य संपर्क करें। शिविर में डॉ. ओपी सोलंकी के साथ एनएमएचपी स्टाफ श्रीमती मीनाक्षी भीडासरा सहित अन्य कार्मिक उपस्थित रहे। कार्यक्रम के माध्यम से 95 लाभार्थियों का मानसिक स्वास्थ्य परीक्षण किया गया तथा जरूरतमंदों को दवा, परामर्श एवं आवश्यक चिकित्सकीय सेवाएं उपलब्ध कराई गईं।
