शिक्षकों की विभिन्न समस्याओं के समाधान की मांग
शिविरा पंचांग मे ग्रीष्मावकाश यथावत रखने, स्टाफिंग पैटर्न, वेतन विसंगति, पदोन्नति और स्थानांतरण के लिए महासंघ ने की मुलाकात
शैक्षिक महासंघ ने शिक्षकों की विभिन्न मांगों के निराकरण के लिए अतिरिक्त मुख्य सचिव स्कूल शिक्षा से की वार्ता
जयपुर।अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ राजस्थान विद्यालय (शिक्षा) ने प्रदेश अध्यक्ष रमेश चंद्र पुष्करणा के नेतृत्व में संगठन के प्रतिनिधि मंडल ने शिष्टाचार भेंट कर विभाग नवीन पदस्थापन के लिए राजेश यादव अतिरिक्त मुख्य सचिव (ACS), स्कूल शिक्षा एवं भाषा विभाग को संगठन की ओर से शुभकामनाएं दी।इस अवसर पर प्रतिनिधि मंडल में संगठन के प्रदेश महामंत्री महेंद्र कुमार लखारा, प्रदेश उपाध्यक्ष उदयपुर संभाग अभय सिंह राठौड़ उपस्थित रहे। प्रदेश महामंत्री लखारा ने बताया कि संगठन की ओर से अतिरिक्त मुख्य सचिव महोदय को शिक्षा विभाग में पदस्थापन के अवसर पर शुभकामनाएं प्रेषित की।इस अवसर शिक्षकों की लंबे समय से लंबित मांगों से अवगत कराते हुए इन मांगों पर अब तक विभाग स्तर पर हुई वार्ताओं और हुए निर्णय से अवगत कराया।
संगठन ने शिक्षकों की विभिन्न समस्याओं के अब शीघ्र निराकरण करने का आग्रह किया।शासन स्तर की प्रमुख मांगों में शिविरा पंचांग सत्र 2026-27 में संशोधन कर पूर्व वर्षों में घोषित अवकाश यथावत रखने,माध्यमिक शिक्षा में स्टाफिंग पैटर्न करते हुए केडर अनुसार पद सृजित कर पदस्थापन करने,तृतीय श्रेणी शिक्षकों सहित सभी संवर्गों के पहले पदोन्नति पदस्थापन होने के पश्चयात स्थानांतरण अप्रैल-मई-जून में करने एवं स्पष्ट पारदर्शी तबादला नीति लागू करने की मांग की।
संगठन के प्रदेश अध्यक्ष पुष्करणा ने बताया कि अतिरिक्त मुख्य सचिव महोदय से वार्ता में संगठन ने भाजपा के संकल्प पत्र में किये गए वादे अनुसार 33000 संविदा शिक्षकों को प्रबोधकों की भांति नियमित करने,शिक्षकों को गैर शैक्षणिक कार्यों से मुक्त करने,तृतीय वेतन श्रृंखला में कार्यरत शिक्षकों एवं प्रबोधकों की वेतन विसंगति दूर करने,ग्रीष्मकालीन अवकाश से पूर्व नियुक्त शिक्षकों को न्यायालय निर्णय के उपरांत समस्त परिलाभ प्रथम नियुक्त तिथि से देने व विकल्प पत्र पुनः भरने की छूट देने की मांग की।इसी प्रकार संगठन ने शिक्षकों के कल्याण और आत्मगौरव के प्रतीक शिक्षक कल्याण बोर्ड का गठन करने और राष्ट्रहित में कार्य करने वाले शिक्षक संगठन को ही मान्यता प्रदान की मांग की। प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि इससे पूर्व उक्त मांगो को लेकर शिक्षा मंत्री महोदय के साथ हुई वार्ता भी सकारात्मक रही लेकिन सभी विषयों पर सहमति के बावजूद शीघ्र परिणाम नहीं मिलने से संगठन ने नाराजगी व्यक्त की।
इस अवसर पर शैक्षिक महासंघ के प्रदेश सभाध्यक्ष संपत सिंह,वरिष्ठ उपाध्यक्ष रवि आचार्य, उपाध्यक्ष महिला सुषमा विश्नोई, प्रदेश मंत्री अमरजीत सिंह, महिला मंत्री गीता जैलिया, अतिरिक्त प्रदेश महामंत्री बसंत जिंदल,कोषाध्यक्ष कैलाश कच्छावा सहित प्रदेश कार्यकारिणी के समस्त पदाधिकारीयों ने कहा कि शासन स्तर की लगातार वार्ताओं के शीघ्र परिणाम के लिए प्रदेश के समस्त शिक्षकों में सरकार की ओर शिक्षक हित में निर्णय की अपेक्षा है।
