हनुमानगढ़ जिले में 65 नई सड़कों के निर्माण बेहतर होगी सड़क कनेक्टिविटी
हनुमानगढ़ जिले को मिली 65 नई सड़कों की सौगात, 54.10 करोड़ रुपये होंगे खर्च
174.75 किलोमीटर लंबाई की मिसिंग लिंक एवं नॉन-पेचेबल सड़कों का होगा निर्माण
हनुमानगढ़। प्रदेश में सड़क संपर्क को मजबूत बनाने और ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में सुगम आवागमन सुनिश्चित करने की दिशा में राज्य सरकार ने हनुमानगढ़ जिले को बड़ी सौगात दी है। बजट वर्ष 2026-27 की घोषणाओं के तहत जिले की 5 विधानसभा क्षेत्रों में 54.10 करोड़ रुपये की लागत से 174.75 किलोमीटर लंबाई की 65 नई सड़कों के निर्माण को स्वीकृति मिली है।
स्वीकृत कार्यों के तहत भादरा विधानसभा क्षेत्र में 5 मिसिंग लिंक एवं 8 नॉन-पेचेबल सहित कुल 13 सड़कों का निर्माण 27.40 किलोमीटर लंबाई में 12.04 करोड़ रुपये की लागत से किया जाएगा। हनुमानगढ़ विधानसभा क्षेत्र में 7 मिसिंग लिंक एवं 9 नॉन-पेचेबल सहित कुल 16 सड़कों का निर्माण 29.76 किलोमीटर लंबाई में 10.93 करोड़ रुपये की लागत से होगा।
नोहर विधानसभा क्षेत्र में 2 मिसिंग लिंक एवं 6 नॉन-पेचेबल सहित कुल 8 सड़कों का निर्माण 41.60 किलोमीटर लंबाई में 9.93 करोड़ रुपये की लागत से किया जाएगा। पीलीबंगा विधानसभा क्षेत्र में 6 मिसिंग लिंक एवं 8 नॉन-पेचेबल सहित कुल 14 सड़कों का निर्माण 33.94 किलोमीटर लंबाई में 10.05 करोड़ रुपये की लागत से होगा।
संगरिया विधानसभा क्षेत्र में 5 मिसिंग लिंक एवं 9 नॉन-पेचेबल सहित कुल 14 सड़कों का निर्माण 42.05 किलोमीटर लंबाई में 11.15 करोड़ रुपये की लागत से कराया जाएगा।
गौरतलब है कि प्रदेश में बेहतर सड़क कनेक्टिविटी स्थापित करने के उद्देश्य से उपमुख्यमंत्री श्रीमती दिया कुमारी ने बजट घोषणा 2026-27 की क्रियान्विति के तहत 187 विधानसभा क्षेत्रों में 3,232 मिसिंग लिंक एवं नॉन-पेचेबल सड़क विकास कार्यों को प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृति प्रदान की है। इन कार्यों पर 2,101.16 करोड़ रुपये की लागत से प्रदेशभर में 6,418.43 किलोमीटर लंबाई की सड़कों का निर्माण किया जाएगा।
उपमुख्यमंत्री श्रीमती दिया कुमारी ने कहा कि "यह निर्णय प्रदेश में सड़क संपर्क को सुदृढ़ करने, आवागमन को सुगम बनाने और विकास को नई गति देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।" उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत के विजन तथा मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में राजस्थान में आधारभूत अवसंरचना को सशक्त बनाने के लिए लगातार ऐतिहासिक निर्णय लिए जा रहे हैं। राज्य सरकार प्रत्येक गांव, कस्बे और शहर को गुणवत्तापूर्ण सड़क नेटवर्क से जोड़ने तथा विकास का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने के संकल्प के साथ कार्य कर रही है।



